भारतीय शेयर बाजार में बुधवार को भारी गिरावट देखने को मिली। वैश्विक बाजारों में कमजोरी, कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और अमेरिका-ईरान तनाव के चलते निवेशकों में चिंता बढ़ गई, जिसका असर घरेलू बाजार पर साफ दिखाई दिया। कारोबार के दौरान सेंसेक्स में करीब 1800 अंकों तक की गिरावट दर्ज की गई, जबकि निफ्टी भी 493 अंक तक टूटकर 24,000 के अहम स्तर से नीचे चला गया।
बाजार में आई इस तेज गिरावट से निवेशकों को बड़ा झटका लगा। कुछ ही घंटों में बीएसई पर सूचीबद्ध कंपनियों के बाजार पूंजीकरण में करीब 4 लाख करोड़ रुपये की कमी आ गई। चारों तरफ बिकवाली का दबाव देखने को मिला और ज्यादातर सेक्टर लाल निशान में कारोबार करते नजर आए।
ट्रंप के बयान से बढ़ी वैश्विक चिंता, निवेशकों में घबराहट
शेयर बाजार में गिरावट का बड़ा कारण अमेरिका-ईरान तनाव को माना जा रहा है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बयान के बाद वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता बढ़ गई। ट्रंप ने ईरान के साथ युद्ध खत्म करने को लेकर चल रही अस्थायी व्यवस्था खत्म होने की बात कही, जिसके बाद मिडिल ईस्ट में तनाव बढ़ने की आशंका गहरा गई।
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव से कच्चे तेल की आपूर्ति प्रभावित होने की चिंता पैदा हो गई है। तेल की कीमतों में तेजी की आशंका ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी और उन्होंने बड़े पैमाने पर शेयरों की बिक्री शुरू कर दी।
सेंसेक्स और निफ्टी में बड़ी गिरावट
दोपहर के कारोबार तक सेंसेक्स 1600 से ज्यादा अंकों की गिरावट के साथ करीब 76,550 के स्तर पर पहुंच गया। वहीं, निफ्टी 500 अंकों तक टूटकर 24,000 के नीचे चला गया। बाजार में बिकवाली इतनी तेज रही कि बड़ी संख्या में शेयर गिरावट के साथ कारोबार करते दिखे।
बीएसई पर कारोबार करने वाले हजारों शेयरों में से ज्यादातर लाल निशान पर रहे। करीब 4,324 शेयरों में कारोबार हुआ, जिसमें लगभग 2,990 शेयरों में गिरावट दर्ज की गई, जबकि सिर्फ 1,135 शेयर बढ़त बनाने में सफल रहे।
दिग्गज कंपनियों के शेयरों पर भी दबाव
बाजार की इस गिरावट में कई बड़ी कंपनियों के शेयरों पर दबाव देखने को मिला। Hindustan Unilever Limited, InterGlobe Aviation Limited, Maruti Suzuki India Limited, Kotak Mahindra Bank, Bharat Electronics Limited और Bharti Airtel Limited जैसे शेयरों में गिरावट दर्ज की गई।
इसके अलावा Reliance Industries Limited, ITC Limited, ICICI Bank Limited और Bajaj Finance Limited के शेयरों में भी कमजोरी देखने को मिली।
बाजार में डर का माहौल, इंडिया विक्स में तेज उछाल
शेयर बाजार में बढ़ी अस्थिरता का असर वोलैटिलिटी इंडेक्स इंडिया विक्स पर भी दिखाई दिया। इंडिया विक्स करीब 24 फीसदी से ज्यादा बढ़कर 14.50 के स्तर पर पहुंच गया, जो निवेशकों के बीच बढ़ती चिंता और अनिश्चितता को दर्शाता है।
सेक्टर के लिहाज से निफ्टी एफएमसीजी और निफ्टी ऑयल एंड गैस इंडेक्स में गिरावट रही। वहीं, रियल्टी सेक्टर में मामूली मजबूती देखने को मिली। विशेषज्ञों के मुताबिक, आने वाले दिनों में वैश्विक घटनाक्रम, कच्चे तेल की कीमतें और अमेरिका-ईरान तनाव बाजार की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।