राम मंदिर ध्वजारोहण: तकनीकी कारणों से तैयार ध्वज वापस भेजे गए

Vin News Network
Vin News Network
2 Min Read
राम मंदिर ध्वजारोहण

अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट द्वारा 25 नवंबर को होने वाले श्रीराम मंदिर ध्वजारोहण और पूर्णाहुति समारोह की तैयारियाँ अंतिम चरण में हैं। मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र के अनुसार, ध्वजारोहण का शुभ मुहूर्त सुबह 11:58 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक निर्धारित किया गया है।

हाल ही में ध्वजारोहण के लिए तैयार किए गए विशेष ध्वजों को परीक्षण के दौरान वापस भेज दिया गया। ट्रस्ट की टीम ने पाया कि ध्वज का वजन अपेक्षा से अधिक था, जिसके कारण हवा में यह ठीक से लहर नहीं पा रहा था। इसी वजह से ध्वज निर्माताओं को आवश्यक तकनीकी सुधार करने के निर्देश दिए गए हैं। अहमदाबाद समेत देश के विभिन्न हिस्सों में बने इन ध्वजों में वजन कम करने और संतुलन सुनिश्चित करने के लिए संशोधन किए जा रहे हैं। ट्रस्ट का उद्देश्य है कि 25 नवंबर से पहले सुधार किए गए ध्वज अयोध्या वापस आएं और एक अंतिम ट्रायल किया जाए, ताकि मुख्य समारोह के दौरान किसी भी प्रकार की तकनीकी बाधा न आए।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस अवसर पर लगभग चार घंटे अयोध्या धाम में रहेंगे। वे पहले सप्त ऋषि मंदिर में दर्शन करेंगे, जहाँ सभी वैदिक आचार्य उपस्थित होंगे, और इसके बाद शेषावतार मंदिर जाएंगे। मुख्य ध्वजारोहण कार्यक्रम प्रधानमंत्री के संबोधन से पहले संपन्न होगा।

ट्रस्ट के अनुसार, इस आयोजन में लगभग 7000 आमंत्रित अतिथि शामिल होंगे। सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए पुलिस द्वारा सभी अतिथियों की जांच पूरी कर ली गई है। कार्यक्रम की रूपरेखा को अंतिम रूप देने के लिए लगातार बैठकें और ध्वज ट्रायल की समीक्षा की जा रही है। इस तरह, 25 नवंबर का यह पवित्र आयोजन बिना किसी व्यवधान के संपन्न कराने की पूरी तैयारी की जा रही है।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *