विन न्यूज़ नेटवर्क। राजस्थान के सिरोही जिले के बरलूट थाना क्षेत्र स्थित जावाल गांव में सामने आए पूनम कंवर हत्याकांड का पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। जांच में पता चला कि महिला की मौत प्राकृतिक नहीं, बल्कि गला दबाकर की गई हत्या थी। आरोपी पति गजेंद्र सिंह राजपूत ने वारदात के बाद इसे हार्ट अटैक से हुई मौत बताकर परिवार और रिश्तेदारों को भ्रमित करने का प्रयास किया।
हालांकि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस की जांच ने पूरी साजिश का पर्दाफाश कर दिया।
गुटखा और पैसों को लेकर होता था विवाद
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसकी पत्नी पूनम कंवर को गुटखा खाने की आदत थी और वह अक्सर उससे पैसे मांगती थी। पैसे नहीं मिलने पर दोनों के बीच विवाद होता था।
आरोपी के अनुसार, इन घरेलू झगड़ों के कारण वह मानसिक रूप से परेशान रहने लगा था। इसी दौरान उसने पत्नी को रास्ते से हटाने की योजना बना ली।
पहले भरोसा जीता, फिर बनाई हत्या की योजना
कुछ समय पहले पूनम कंवर ने पति के खिलाफ दहेज प्रताड़ना का मामला दर्ज कराया था। पुलिस काउंसलिंग के दौरान गजेंद्र सिंह ने पत्नी को साथ रखने और खुश रखने का भरोसा दिया।
इसके बाद वह 30 जून को पत्नी और तीन वर्षीय बेटी को लेकर तमिलनाडु के कोयंबटूर चला गया। पुलिस के अनुसार, उसने वहां हत्या नहीं की क्योंकि उसे डर था कि शक सीधे उसी पर जाएगा।
उदयपुर घूमाने के बहाने रचा मौत का खेल
इसके बाद आरोपी ने पत्नी को उदयपुर घूमाने का प्रस्ताव दिया। 8 और 9 जुलाई को उसने पत्नी और बेटी के साथ कई तस्वीरें खिंचवाईं और सोशल मीडिया पर स्टेटस भी लगाए, ताकि दोनों परिवारों को लगे कि पति-पत्नी के रिश्ते सामान्य हो चुके हैं।
अपनी पहचान छिपाने के लिए उसने एक दोस्त की आईडी से ट्रेवल एजेंसी के माध्यम से कार बुक करवाई और पहचान पत्र खोने का बहाना बनाया।
सुनसान रास्ते पर दबाया गला
पुलिस के मुताबिक, 9 जुलाई की रात उदयपुर से लौटते समय गजेंद्र सिंह आगे की सीट पर बैठा था, जबकि पत्नी और बेटी पीछे की सीट पर सो गई थीं। उसने चालक को सायरा-रणकपुर के सुनसान मार्ग पर जाने को कहा।
इसी दौरान मौका पाकर उसने पत्नी का गला दबाकर हत्या कर दी। रात करीब दो बजे वह शव लेकर जावाल पहुंचा और परिवार को बताया कि पूनम की मौत हार्ट अटैक से हुई है।
गले के निशानों ने खोला राज
शुरुआत में परिवार ने भी हार्ट अटैक की बात मान ली और अंतिम संस्कार की तैयारी शुरू हो गई। लेकिन पुलिस को महिला के गले पर खरोंच और निशान दिखाई दिए, जिसके बाद मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराया गया।
रिपोर्ट में साफ हुआ कि मौत दम घुटने से हुई थी और महिला का हृदय पूरी तरह स्वस्थ था।
सीसीटीवी और पूछताछ के बाद टूटा आरोपी
पोस्टमार्टम रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज और लगातार पूछताछ के बाद आरोपी गजेंद्र सिंह ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसने बताया कि हत्या पहले से तय योजना के तहत की गई थी और बाद में उसे प्राकृतिक मौत का रूप देने की कोशिश की गई।
ड्राइवर की भूमिका की भी जांच
पुलिस को शक है कि घटना की जानकारी कार चालक को भी हो सकती है। वारदात के बाद चालक फरार हो गया है। पुलिस ने कार जब्त कर ली है और चालक की तलाश जारी है। उसकी भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है।
पुलिस ने बताया पूर्व नियोजित हत्या
सिरोही पुलिस अधीक्षक के अनुसार, यह पूरी तरह से पूर्व नियोजित हत्या थी। आरोपी ने पहले पत्नी और परिजनों का विश्वास जीता, फिर सुनियोजित तरीके से वारदात को अंजाम दिया। लेकिन वैज्ञानिक जांच और पुलिस की सतर्कता के कारण उसकी साजिश ज्यादा देर तक छिप नहीं सकी।