विन न्यूज़ नेटवर्क। स्कॉटलैंड के ग्लासगो में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। एथलेटिक्स, पैरा एथलेटिक्स और बॉक्सिंग में भारतीय खिलाड़ियों ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए देश की झोली में लगातार पदक डाले हैं। भारत ने पदक तालिका में अपनी स्थिति मजबूत की है और कई खिलाड़ियों ने अपने दमदार प्रदर्शन से दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींचा है।
पैरा एथलेटिक्स में भारत का ऐतिहासिक 1-2 फिनिश
भारत के लिए सबसे बड़ी उपलब्धि पैरा एथलेटिक्स की पुरुष 100 मीटर टी47 स्पर्धा में देखने को मिली। Dilip Mahadu Gavit ने शानदार दौड़ लगाते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया और नया गेम्स रिकॉर्ड भी बनाया। वहीं Mohammed Basil ने रजत पदक जीतकर भारत को ऐतिहासिक 1-2 फिनिश दिलाई। यह उपलब्धि भारतीय पैरा एथलेटिक्स के लिए बेहद खास मानी जा रही है और अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की बढ़ती ताकत को भी दर्शाती है।
मुरली श्रीशंकर ने फिर बढ़ाया भारत का मान
लॉन्ग जंप में भारत के स्टार एथलीट Murali Sreeshankar ने 8.09 मीटर की छलांग लगाकर रजत पदक अपने नाम किया। यह कॉमनवेल्थ गेम्स में उनका लगातार दूसरा रजत पदक है। श्रीशंकर का यह प्रदर्शन भारत के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है और उन्होंने एक बार फिर साबित किया कि वह दुनिया के बेहतरीन लंबी कूद खिलाड़ियों में शामिल हैं।
बॉक्सिंग में भी भारत की मजबूत दावेदारी
भारतीय मुक्केबाजों ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए कई भार वर्गों में फाइनल में जगह बना ली है। सेमीफाइनल जीतने के बाद भारत के कई बॉक्सर कम से कम रजत पदक पक्का कर चुके हैं और अब उनकी नजर स्वर्ण पदक पर है। इससे आने वाले दिनों में भारत की पदक संख्या और बढ़ने की उम्मीद है।
प्रधानमंत्री ने खिलाड़ियों को दी बधाई
प्रधानमंत्री Narendra Modi ने कॉमनवेल्थ गेम्स में शानदार प्रदर्शन करने वाले भारतीय खिलाड़ियों को बधाई दी। उन्होंने खिलाड़ियों की मेहनत, समर्पण और देश के लिए उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि पूरा देश उनकी सफलता पर गर्व महसूस कर रहा है। प्रधानमंत्री लगातार भारतीय खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन कर रहे हैं और उनके प्रदर्शन को नए भारत की खेल शक्ति का प्रतीक बता चुके हैं।
भारत की नजर अब और पदकों पर
कॉमनवेल्थ गेम्स में अभी कई मुकाबले बाकी हैं और भारतीय खिलाड़ियों से पदकों की उम्मीद बरकरार है। एथलेटिक्स, बॉक्सिंग, जूडो और अन्य स्पर्धाओं में भारत के खिलाड़ी दमदार दावेदारी पेश कर रहे हैं। यदि यही प्रदर्शन जारी रहा तो भारत पदक तालिका में और ऊपर पहुंच सकता है।