वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 1 फरवरी 2026 को संघीय बजट 2026-27 पेश करने वाली हैं। यह तारीख रविवार को पड़ रही है, लेकिन सूत्रों के अनुसार सरकार पारंपरिक कार्यक्रम में बदलाव नहीं करेगी। संसद के बजट सत्र की आधिकारिक तारीखों की घोषणा अभी बाकी है, फिर भी बजट की तैयारियां 1 फरवरी को ही केंद्रित हैं।
यह बजट आजादी के बाद का 80वां संघीय बजट होगा और निर्मला सीतारमण का लगातार नौवां बजट होगा। इससे वे इतिहास रचेंगी, क्योंकि किसी भी वित्त मंत्री ने एक ही प्रधानमंत्री के कार्यकाल में लगातार नौ बजट नहीं पेश किए हैं। सीतारमण 2019 में भारत की पहली पूर्णकालिक महिला वित्त मंत्री बनी थीं। नरेंद्र मोदी सरकार के दूसरे और तीसरे कार्यकाल में भी उन्होंने यह पद संभाला है।
पारंपरिक रूप से 2017 से संघीय बजट 1 फरवरी को पेश किया जाता है। इसका उद्देश्य संसद को पर्याप्त समय देना है, ताकि वित्त विधेयक पारित हो सके और नया वित्तीय वर्ष 1 अप्रैल से सुचारू रूप से शुरू हो। पहले बजट फरवरी के आखिरी कार्यदिवस पर पेश होता था।
वीकेंड पर बजट पेश करना नया नहीं है। निर्मला सीतारमण ने 2025 का बजट शनिवार को पेश किया था। इसी तरह पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली ने 2015 और 2016 के बजट 28 फरवरी को शनिवार को पेश किए थे। यदि 2026 का बजट रविवार 1 फरवरी को पेश होता है, तो यह 2017 के बदलाव के बाद पहली बार होगा। इससे सीतारमण का रिकॉर्ड और मजबूत होगा। वे लगातार नौ बजट पेश करके पूर्व प्रधानमंत्री मोरारजी देसाई के लगातार आठ बजटों के रिकॉर्ड की बराबरी करेंगी, लेकिन एक ही सरकार में ऐसा करेंगी।
मोरारजी देसाई ने कुल 10 बजट पेश किए हैं, जो अब तक का रिकॉर्ड है। उन्होंने 1959 से 1964 तक छह और 1967 से 1969 तक चार बजट पेश किए। अन्य प्रमुख वित्त मंत्रियों में पी. चिदंबरम ने नौ और प्रणब मुखर्जी ने आठ बजट पेश किए, लेकिन ये अलग-अलग सरकारों में थे।
बजट सत्र की तारीखों की आधिकारिक घोषणा अभी नहीं हुई है, लेकिन तैयारियां जोरों पर हैं। 2017 से 1 फरवरी की तारीख तय होने के बाद 2020 और 2025 में भी बजट शनिवार को पेश हुआ था। इस बार रविवार होने से चर्चा जरूर है, लेकिन परंपरा बनाए रखने की संभावना ज्यादा है।
यह बजट अर्थव्यवस्था की चुनौतियों के बीच पेश होगा, जिसमें विकास को गति देना और मध्यम वर्ग को राहत प्रमुख हो सकती है। निर्मला सीतारमण का लगातार नौवां बजट उन्हें भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले वित्त मंत्रियों की सूची में आगे रखेगा।