राजधानी दिल्ली में एलपीजी की कथित किल्लत को लेकर सोशल मीडिया और कुछ इलाकों में फैल रही अफवाहों के बीच Delhi Government ने स्थिति पूरी तरह स्पष्ट कर दी है। सरकार का कहना है कि राष्ट्रीय राजधानी Delhi में एलपीजी, पेट्रोल, डीजल और पीएनजी की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है और किसी भी तरह की कमी की बात निराधार है। सरकार ने नागरिकों से अपील की है कि वे ऐसी अफवाहों पर ध्यान न दें और घबराहट में अनावश्यक गैस सिलेंडर या ईंधन का भंडारण करने से बचें।
दरअसल, हाल के दिनों में पश्चिमी एशिया में बढ़ते तनाव और युद्ध जैसी परिस्थितियों के कारण देश के कई हिस्सों में गैस आपूर्ति को लेकर आशंकाएं जताई जा रही थीं। इसी बीच दिल्ली में भी एलपीजी की कमी की खबरें फैलने लगीं, जिसके बाद राज्य सरकार ने तुरंत स्थिति की समीक्षा करने का निर्णय लिया।
इस मुद्दे पर बुधवार को दिल्ली के मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में खाद्य, आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग, राजस्व विभाग, पुलिस प्रशासन और गैस आपूर्ति से जुड़े विभिन्न संगठनों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य राजधानी में गैस और ईंधन की उपलब्धता का आकलन करना और अफवाहों के पीछे की वास्तविक स्थिति को समझना था।
बैठक में Indraprastha Gas Limited (आईजीएल) के अधिकारियों ने भी हिस्सा लिया और राजधानी में पीएनजी तथा सीएनजी की आपूर्ति को लेकर विस्तृत जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि दिल्ली में घरेलू उपयोग के लिए पीएनजी की आपूर्ति पूरी तरह स्थिर है और कहीं भी किसी प्रकार की कमी नहीं है।
आईजीएल अधिकारियों के अनुसार, केंद्र सरकार के Ministry of Petroleum and Natural Gas ने नौ मार्च को एक आदेश जारी किया था। इस आदेश में प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में घरेलू पीएनजी और सीएनजी की आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। इन निर्देशों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि घरों, सार्वजनिक परिवहन और आवश्यक सेवाओं को गैस की पर्याप्त आपूर्ति मिलती रहे।
अधिकारियों ने बैठक में यह भी बताया कि प्राथमिकताओं का पुनः निर्धारण करते हुए औद्योगिक क्षेत्रों में भी गैस आपूर्ति को संतुलित किया गया है। फिलहाल उद्योगों को लगभग 80 प्रतिशत तक नियमित और निर्बाध गैस आपूर्ति दी जा रही है, ताकि उत्पादन गतिविधियां भी प्रभावित न हों और घरेलू उपयोग को भी पर्याप्त प्राथमिकता मिल सके।
इस बैठक में तेल विपणन कंपनियों के अधिकारियों ने भी हिस्सा लिया और पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की उपलब्धता के बारे में जानकारी साझा की। अधिकारियों ने बताया कि राजधानी में पेट्रोल, डीजल और घरेलू एलपीजी का पर्याप्त भंडार मौजूद है और आपूर्ति की प्रक्रिया पहले की तरह लगातार जारी है।
तेल कंपनियों का कहना है कि दिल्ली में किसी भी प्रकार का ईंधन संकट नहीं है और सभी वितरण केंद्रों पर पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। उपभोक्ताओं को नियमित रूप से गैस सिलेंडर मिल रहे हैं और डिलीवरी में भी कोई बड़ी समस्या नहीं है।
गैस सिलेंडर की बुकिंग प्रक्रिया को लेकर भी बैठक में चर्चा हुई। अधिकारियों ने बताया कि पहले जहां सिलेंडर बुकिंग की अवधि 21 दिन थी, उसे बढ़ाकर 25 दिन कर दिया गया है। हालांकि इसका उपभोक्ताओं पर कोई नकारात्मक असर नहीं पड़ेगा, क्योंकि बुकिंग के बाद औसतन दो से तीन दिनों के भीतर सिलेंडर घर तक पहुंचाया जा रहा है।
सरकार का मानना है कि बुकिंग अवधि बढ़ाने से आपूर्ति और वितरण प्रणाली को बेहतर तरीके से प्रबंधित करने में मदद मिलेगी और किसी भी संभावित दबाव को कम किया जा सकेगा।
बैठक में व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की आपूर्ति को लेकर भी चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि तेल विपणन कंपनियों ने व्यावसायिक सिलेंडरों के वितरण के लिए कुछ प्राथमिकताएं तय की हैं। इन प्राथमिकताओं के तहत अस्पतालों, शैक्षणिक संस्थानों और अन्य आवश्यक सेवाओं को पहले गैस उपलब्ध कराई जाएगी।
सरकार का कहना है कि यह व्यवस्था इसलिए की गई है ताकि महत्वपूर्ण सेवाओं को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जा रहा है कि व्यावसायिक उपयोग के लिए गैस की आपूर्ति भी सामान्य रूप से जारी रहे।
बैठक के दौरान यह मुद्दा भी उठाया गया कि अफवाहों के कारण कई बार लोग जरूरत से ज्यादा गैस सिलेंडर बुक कर लेते हैं या ईंधन का अनावश्यक भंडारण करने लगते हैं। इससे वितरण प्रणाली पर दबाव बढ़ सकता है और कुछ इलाकों में अस्थायी कमी जैसी स्थिति बन सकती है।
इसी को ध्यान में रखते हुए सरकार ने संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। विशेष रूप से Delhi Police और राजस्व विभाग को गैस की चोरी, जमाखोरी और कालाबाजारी पर सख्त निगरानी रखने के लिए कहा गया है।
सरकार ने स्पष्ट किया है कि यदि किसी भी व्यक्ति या संस्था को गैस या ईंधन की कालाबाजारी करते हुए पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि गैस और ईंधन की आपूर्ति पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से सभी उपभोक्ताओं तक पहुंचे।
दिल्ली सरकार ने अंत में एक बार फिर राजधानी के नागरिकों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और जिम्मेदारी के साथ ईंधन का उपयोग करें। सरकार का कहना है कि दिल्ली में एलपीजी, पेट्रोल, डीजल और पीएनजी की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है और घबराने की कोई जरूरत नहीं है।
प्रशासन के अनुसार सभी संबंधित विभाग और कंपनियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि राजधानी में ऊर्जा आपूर्ति व्यवस्था बिना किसी बाधा के सुचारू रूप से चलती रहे।