पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण से पहले बैरकपुर में प्रधानमंत्री मोदी की रैली के दौरान भारी हंगामे और कड़े सुरक्षा इंतजाम देखने को मिले। 29 अप्रैल को होने वाले मतदान से पहले यह रैली बेहद अहम मानी जा रही है, जहां 8 जिलों की 142 सीटों पर वोट डाले जाएंगे।
रैली को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि बंगाल की जनता इस बार परिवर्तन का मन बना चुकी है और “इस बार बीजेपी सरकार” की मजबूत लहर दिखाई दे रही है। उन्होंने दावा किया कि 4 मई के बाद नई सरकार का शपथ ग्रहण हो सकता है, जिसमें उन्हें फिर आने का अवसर मिलेगा।
प्रधानमंत्री ने देश के विकास में पूर्वी भारत की अहम भूमिका पर जोर देते हुए कहा कि बिहार (अंगा), बंगाल (बंगा) और ओडिशा (कलिंग) ऐतिहासिक रूप से भारत की समृद्धि के स्तंभ रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों के बिना भारत का विकास अधूरा है और विकसित भारत के लक्ष्य के लिए इनका मजबूत होना जरूरी है।
बैरकपुर की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि 1857 की क्रांति को इसी धरती से ताकत मिली थी और आज यही क्षेत्र परिवर्तन का केंद्र बन रहा है। उन्होंने जनता को अपना परिवार बताते हुए भावनात्मक जुड़ाव भी जताया।
इसी बीच राज्य में चुनावी माहौल बेहद गर्म है। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त बल तैनात किया गया है ताकि मतदान शांतिपूर्ण और निष्पक्ष हो सके।
उधर, राजनीतिक तनाव भी बढ़ा हुआ है कहीं गोलीबारी की घटनाएं सामने आई हैं, तो कहीं टीएमसी और बीजेपी के बीच आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। मुख्यमंत्री ममता ने अपनी जनसभाओं में टीएमसी की जीत को “समय की बात” बताया और जनता से समर्थन की अपील की है।
वहीं, विपक्षी नेताओं ने भी एक-दूसरे पर तीखे हमले किए हैं, जिससे चुनावी माहौल और अधिक गरमा गया है। कुल मिलाकर, पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण से पहले राजनीतिक सरगर्मी अपने चरम पर है और सभी दल अंतिम दौर में मतदाताओं को साधने में जुटे हैं।