विन न्यूज़ नेटवर्क। मुंबई समेत महाराष्ट्र के कई शहरों में खाद्य सुरक्षा को लेकर FDA ने बड़ा अभियान चलाया है। मिलावट और खराब साफ-सफाई की शिकायतों के बीच खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम ने मुंबई, ठाणे, पुणे, कोल्हापुर और सोलापुर समेत कई इलाकों में प्रतिष्ठानों की जांच की।
1 सितंबर से 28 सितंबर के बीच हुई कार्रवाई में कई नामी दुकानों और खाने-पीने के प्रतिष्ठानों के लाइसेंस रद्द या निलंबित किए गए हैं। जांच के दौरान बड़ी मात्रा में संदिग्ध और मानकों पर खरी न उतरने वाली खाद्य सामग्री भी जब्त की गई।
86 प्रतिष्ठानों की जांच, कई पर कार्रवाई
FDA के इस विशेष अभियान के तहत 86 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया गया। 23 से 27 सितंबर के बीच ही अलग-अलग शहरों में 30 खाद्य लाइसेंस निलंबित किए गए। विभाग के मुताबिक मुंबई क्षेत्र के 13, कोंकण के 6, पुणे के 8 और छत्रपति संभाजीनगर संभाग के 3 प्रतिष्ठानों के लाइसेंस या पंजीकरण रद्द किए गए। कार्रवाई के दौरान करीब 51 हजार किलो खाद्य सामग्री जब्त की गई, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग सवा करोड़ रुपये बताई गई है।
कहीं कॉकरोच तो कहीं छिपकलियां मिलीं
जांच के दौरान कई प्रतिष्ठानों में सफाई व्यवस्था बेहद खराब मिली। कुछ जगहों पर कॉकरोच, मक्खियां और छिपकलियां पाई गईं। कुछ स्थानों पर खाद्य सामग्री के आसपास गंदगी थी, जबकि एक प्रतिष्ठान में खाना रखने की जगह के पास ही यूरिनल मिला। कुछ फ्रिज में मांसाहारी खाद्य पदार्थों के खून के छींटे और अन्य गंदगी भी सामने आई।
क्यानी एंड कंपनी के निरीक्षण में सामान रखने वाली जगह पर बिल्लियां, मक्खियां और कॉकरोच पाए गए। कोलाबा स्वीट मार्ट में भी कॉकरोच, छिपकलियां और मक्खियां मिलने की बात सामने आई। कई प्रतिष्ठानों में कीट नियंत्रण यानी पेस्ट कंट्रोल की उचित व्यवस्था भी नहीं मिली।
मशहूर प्रतिष्ठान भी FDA के रडार पर
मुंबई के कोलाबा स्थित करीब 108 साल पुराने ओलंपिया कॉफी हाउस पर भी स्वच्छता और खाद्य सुरक्षा नियमों के उल्लंघन को लेकर कार्रवाई की गई थी। इसके बाद क्यानी एंड कंपनी, कोलाबा स्वीट मार्ट, अरुण विलास फरसाण, रुचि वेज रेस्तरां, डैफोडिल्स फास्ट फूड इन और सबवे समेत कई प्रतिष्ठान जांच के दायरे में आए।
मिलावटी खाद्य पदार्थों पर भी शिकंजा
निरीक्षण के दौरान नकली खोया, पनीर, घी, मिठाइयां, तेल-मसाले, सूखे मेवे समेत कई खाद्य पदार्थ जब्त किए गए। FDA के मुताबिक प्रतिबंधित खाद्य उत्पादों के खिलाफ कार्रवाई में 22 एफआईआर दर्ज की गईं और 30 लोगों को गिरफ्तार किया गया। तीन प्रतिष्ठानों को सील करने के साथ खाद्य सामग्री के परिवहन में इस्तेमाल तीन वाहन भी जब्त किए गए।
FDA आयुक्त तुकाराम मुंढे ने साफ किया है कि मिलावट करने वालों के साथ-साथ गंदगी के बीच खाद्य सामग्री तैयार या स्टोर करने वाले प्रतिष्ठानों पर भी कार्रवाई जारी रहेगी। विभाग का कहना है कि खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता नियमों का उल्लंघन करने वालों को किसी तरह की छूट नहीं दी जाएगी।