विन न्यूज़ नेटवर्क। झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) की प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर जांच लगातार तेज हो रही है। मामले की जांच कर रही अपराध अनुसंधान विभाग (CID) की विशेष जांच टीम (SIT) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए राज्य के कई जिलों में छापेमारी की है।
CID ने पुलिस के सहयोग से कुल 18 ठिकानों पर कार्रवाई की, जिसमें जांच से जुड़े कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं। इस मामले को लेकर झारखंड में छात्रों का विरोध प्रदर्शन भी जारी है। वहीं सरकार की ओर से मामले के समाधान का भरोसा दिया गया है।
रांची समेत पांच जिलों में हुई कार्रवाई
CID की टीम ने झारखंड के रांची, पलामू, हजारीबाग, बोकारो और धनबाद जिलों में अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी की। जांच एजेंसी के अनुसार, इस दौरान JPSC परीक्षा में कथित गड़बड़ी से जुड़े कई अहम सबूत हाथ लगे हैं।
बरामद सामग्री में लैपटॉप, मोबाइल फोन, बैंक पासबुक, चेकबुक, उम्मीदवारों की OMR शीट की कार्बन कॉपी, एडमिट कार्ड और मार्कशीट समेत कई दस्तावेज शामिल हैं। CID अब इन सभी रिकॉर्ड की जांच कर रही है ताकि परीक्षा में हुई कथित अनियमितताओं की पूरी जानकारी सामने आ सके।
कल्पना सोरेन ने दिया समाधान का भरोसा
JPSC विवाद को लेकर छात्रों के प्रदर्शन पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की पत्नी और विधायक कल्पना सोरेन ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री इस मुद्दे को लेकर गंभीर और संवेदनशील हैं।
कल्पना सोरेन ने कहा कि झारखंड सरकार छात्रों की समस्याओं को समझ रही है और इस मामले का समाधान निकालने के लिए काम किया जा रहा है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार इस मुद्दे पर उचित कदम उठाएगी।
आरोपी अभय तिवारी की भूमिका की भी जांच
CID जांच में सामने आया है कि आरोपी अभय तिवारी ने कई प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता हासिल की थी। इनमें साल 2018 में आयोजित पुलिस सब-इंस्पेक्टर पद की लिखित परीक्षा भी शामिल है।
अब CID यह पता लगाने में जुटी है कि जिन प्रतियोगी परीक्षाओं में अभय तिवारी शामिल हुआ था, उनमें कहीं किसी तरह की अनियमितता तो नहीं हुई। इसके लिए जांच टीम ने संबंधित परीक्षा आयोजित करने वाली एजेंसियों से रिकॉर्ड उपलब्ध कराने को कहा है।
कई प्रतियोगी परीक्षाओं के रिकॉर्ड खंगाले जाएंगे
CID ने अभय तिवारी से जुड़ी विभिन्न परीक्षाओं के रिकॉर्ड की जांच शुरू कर दी है। इनमें 2018 की झारखंड पुलिस सब-इंस्पेक्टर लिखित परीक्षा, CRPF हेड कांस्टेबल परीक्षा, भारतीय नौसेना SSR भर्ती परीक्षा, भाभा एटॉमिक रिसर्च सेंटर (BARC) सहायक पद परीक्षा, IRB कांस्टेबल परीक्षा और 11वीं-13वीं झारखंड संयुक्त असैनिक सेवा प्रारंभिक परीक्षा समेत कई अन्य परीक्षाएं शामिल हैं।
जांच एजेंसी अब इन सभी परीक्षाओं से जुड़े दस्तावेजों और उम्मीदवारों के रिकॉर्ड का मिलान करेगी।
छात्रों के विरोध के बीच बढ़ी जांच की रफ्तार
JPSC परीक्षाओं में कथित गड़बड़ी को लेकर राज्यभर में अभ्यर्थियों में नाराजगी देखने को मिल रही है। छात्र परीक्षा प्रक्रिया में पारदर्शिता और निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
CID की ताजा कार्रवाई के बाद अब उम्मीद जताई जा रही है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों से पूरे मामले की तस्वीर साफ हो सकेगी। फिलहाल SIT सभी दस्तावेजों और डिजिटल सबूतों की गहन जांच कर रही है।