केंद्र के साथ ही राज्य सरकारें भी किसानों की आय बढ़ाने के लिए कई तरह की योजनाओं से उन्हें लाभान्वित कर रही है। इसी कड़ी में बिहार सरकार की ओर से आम लोगों और घरेलू बिजली उपभोक्ताओं के हित में बड़ी राहत देने वाली घोषणा की है। राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने प्रदेश के सभी घरेलू उपभोक्ताओं जिसमें किसान भी शामिल हैं, को हर माह 125 यूनिट तक फ्री बिजली देने का ऐलान किया है। सरकार के इस फैसले से राज्य के करीब 1 करोड़ 67 लाख परिवार लाभान्वित होंगे। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व टि्वटर) इस घोषणा की जाकनारी साझा की है।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व ट्विटर) पर इस घोषणा की जानकारी साझा करते हुए लिखा– “हम लोग शुरू से ही सस्ती दरों पर सभी को बिजली उपलब्ध करा रहे हैं। अब हमने तय कर दिया है कि 1 अगस्त 2025 से राज्य के सभी घरेलू उपभोक्ताओं को 125 यूनिट तक बिजली का कोई पैसा नहीं देना पड़ेगा।” इससे राज्य के कुल 1 करोड़ 67 लाख परिवारों को लाभ होगा। हमने यह भी तय किया है कि अगले तीन वर्षों में इन सभी घरेलू उपभोक्ताओं से सहमति लेकर उनके घर की छतों पर अथवा नजदीकी सार्वजनिक स्थल पर सौर ऊर्जा संयंत्र लगाकर लाभ दिया जाएगा। इस घोषणा को चुनाव से पहले की लोकलुभावन योजनाओं में गिना जा रहा है, लेकिन इसके पीछे सरकार की ऊर्जा सशक्तिकरण और सौर ऊर्जा विकास की मंशा भी स्पष्ट झलकती है। बता दें कि बिहार में अक्टूबर या नवंबर में विधानसभा चुनाव कराएं जा सकते हैं, क्योंकि बिहार विधानसभा का कार्यकाल 22 नवंबर 2025 को समाप्त हो रहा है।
किसे मिलेगा योजना का लाभ
125 यूनिट फ्री बिजली योजना के अंतर्गत सभी घरेलू उपभोक्ता शामिल हैं, लेकिन विशेष लाभ उन परिवारों को मिलेगा जिनकी बिजली खपत सीमित है और जो गरीब या ग्रामीण क्षेत्र से आते हैं। मुख्यमंत्री ने यह भी साफ किया कि अत्यंत निर्धन परिवारों के लिए आगे सौर ऊर्जा का उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा।
कब से लागू होगी फ्री बिजली योजना
मुख्यमंत्री द्वारा एक्स पर साझा की गई जानकारी के मुताबिक फ्री बिजली योजना का लाभ एक अगस्त से मिलना शुरू हो जाएगा। ऐसे में उपभोक्ता का जो जुलाई माह का बिल आएगा उसमें यह लाभ दिया जाएगा। ऐसे में जिन उपभोक्ताओं ने जुलाई माह में 125 यूनिट तक बिजली बिल होगा, उन्हें बिल नहीं चुकाना होगा। हालांकि अभी यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि मीटर चार्ज, फ्यूल सरचार्ज जैसे खर्च बिल में शामिल होने वाले राशि देनी होगी या नहीं।
10,000 मेगावाट सौर ऊर्जा उत्पादन का लक्ष्य
बिहार सरकार का दावा है कि इस योजना से न सिर्फ बिजली पर सब्सिडी दी जाएगी, बल्कि आने वाले तीन सालों में राज्य में 10,000 मेगावाट तक सौर ऊर्जा का उत्पादन संभव होगा। इससे बिहार को ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा फायदा मिलेगा और बिजली पर आर्थिक बोझ भी कम होगा।
बिजली योजना पर वित्त विभाग का यू-टर्न
बता दें है कि कुछ दिन पहले बिहार सरकार के वित्त विभाग ने ऐसी किसी योजना को मंजूरी देने से इनकार किया था। उस वक्त विभाग ने स्पष्ट किया था कि 100 यूनिट फ्री बिजली योजना का कोई प्रस्ताव नहीं लाया गया है और मीडिया में चल रही खबरें भ्रामक हैं। लेकिन अब खुद मुख्यमंत्री के ऐलान के बाद यह योजना आधिकारिक रूप से मंजूर हो गई है।
इससे पहले सीएम ने की थीं ये घोषणाएं
बिहार में आगामी विधानसभा चुनाव 2025 की तैयारियां जोरों पर चल रही हैं। इसी बीच सीएम की 125 यूनिट फ्री बिजली योजना को एक चुनावी मास्टरस्ट्रोक माना जा रहा है। इससे पहले भी सीएम ने 1 करोड़ लोगों को रोजगार देने की घोषणा व महिलाओं को 35% आरक्षण देने का वादा भी किया था। अब इस फ्री बिजली योजना से यह तय है कि सरकार गरीब, किसान और आम जनता को सीधा राहत देने वाली योजनाओं के सहारे चुनावी जंग में उतरने की तैयारी कर रही है।
ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में एक बड़ा कदम
125 यूनिट फ्री बिजली योजना बिहार सरकार की ऊर्जा नीति और जन-कल्याण कार्यक्रमों को मजबूती देने वाला फैसला है। इससे न केवल आम लोगों को राहत मिलेगी, बल्कि सौर ऊर्जा जैसे सतत स्रोतों की ओर राज्य का झुकाव भी बढ़ेगा। चुनावी नज़रिए से देखा जाए तो यह घोषणा नीतीश सरकार की 20 वर्षों की सत्ता को बनाए रखने की एक ठोस रणनीति भी मानी जा रही है।