भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रस्तावित इजरायल यात्रा से पहले वहां के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने उन्हें “प्रिय मित्र” बताते हुए एक खास संदेश दिया है। उन्होंने अपने आधिकारिक X (पूर्व ट्विटर) अकाउंट पर एक वीडियो साझा करते हुए इस यात्रा को ऐतिहासिक बताया।
नेतन्याहू ने कहा कि भारत और इजरायल के रिश्ते सिर्फ दो देशों के बीच नहीं, बल्कि दो मजबूत नेताओं के बीच भरोसेमंद साझेदारी का प्रतीक हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि दोनों देश नवाचार, सुरक्षा और रणनीतिक सहयोग के क्षेत्रों में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।
प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा के दौरान वे इजरायल की संसद नेसेट (Knesset) में संबोधन देंगे। इसके अलावा वे होलोकॉस्ट स्मारक याद वाशेम का दौरा करेंगे और जेरूसलम में आयोजित एक इनोवेशन कार्यक्रम में भी हिस्सा लेंगे।
इस दौरे का एक प्रमुख उद्देश्य दोनों देशों के बीच उच्च-स्तरीय वार्ता को आगे बढ़ाना है। इसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), क्वांटम कंप्यूटिंग, इंफ्रास्ट्रक्चर और रक्षा सहयोग जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होगी।
नेतन्याहू ने भारत को उभरती वैश्विक शक्ति बताते हुए कहा कि दोनों देश मिलकर एक ऐसे गठबंधन का निर्माण कर रहे हैं जो दुनिया में स्थिरता और विकास को बढ़ावा देगा। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि यह साझेदारी आतंकवाद और कट्टरपंथ के खिलाफ एक बड़े अंतरराष्ट्रीय सहयोग का हिस्सा बन सकती है।
गौरतलब है कि 2017 में प्रधानमंत्री मोदी की पहली इजरायल यात्रा ने द्विपक्षीय संबंधों को नई दिशा दी थी। अब यह यात्रा उन संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है।