विन न्यूज़ नेटवर्क। सऊदी अरब में नेशनल अर्ली वॉर्निंग प्लेटफॉर्म से संभावित खतरे को लेकर अलर्ट जारी होने के बाद मक्का समेत कई इलाकों में कुछ समय के लिए सतर्कता बढ़ा दी गई। सऊदी सिविल डिफेंस ने लोगों से घबराने के बजाय आधिकारिक निर्देशों का पालन करने और सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की। अलर्ट को लेकर लोगों के मोबाइल फोन पर चेतावनी संदेश भी भेजे गए।
सऊदी सिविल डिफेंस डायरेक्टोरेट ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि मक्का शहर में संभावित खतरे को लेकर नेशनल अर्ली वॉर्निंग प्लेटफॉर्म की ओर से चेतावनी जारी की गई थी। हालांकि, कुछ ही देर बाद अधिकारियों ने बताया कि मक्का शहर, तबुक प्रांत, जेद्दाह गवर्नरेट और यानबू गवर्नरेट के लिए जारी खतरा टल गया है।
लोगों को घरों से बाहर न निकलने की सलाह
चेतावनी के दौरान सिविल डिफेंस ने लोगों से शांत रहने और सरकारी एजेंसियों की ओर से जारी निर्देशों को मानने को कहा। लोगों को सलाह दी गई कि खतरा पूरी तरह खत्म होने तक वे घर या किसी सुरक्षित इमारत के अंदर रहें।
अधिकारियों ने खुली जगहों, खिड़कियों, कांच, बालकनी और छतों से दूरी बनाए रखने को कहा। साथ ही भीड़भाड़ वाले या संभावित रूप से खतरनाक स्थानों पर जाने से बचने की हिदायत दी गई।
बाहर मौजूद लोगों को भी दी गई हिदायत
अलर्ट के समय यदि कोई व्यक्ति खुले स्थान पर मौजूद हो तो उसे तुरंत नजदीकी सुरक्षित इमारत में जाने की सलाह दी गई। अगर आसपास कोई इमारत उपलब्ध न हो, तो किसी मजबूत अवरोध के पीछे सुरक्षित जगह लेने को कहा गया।
सिविल डिफेंस ने यह भी स्पष्ट किया कि चेतावनी के दौरान लोग खतरनाक स्थानों पर जाकर तस्वीरें या वीडियो बनाने से बचें। अधिकारियों के मुताबिक, ऐसी जगहों पर जाना खुद की सुरक्षा के लिए जोखिम पैदा कर सकता है।
वाहन चालकों के लिए भी जारी हुए निर्देश
चेतावनी मिलने के समय अगर कोई व्यक्ति वाहन चला रहा हो तो उसे सड़क के किनारे सुरक्षित तरीके से गाड़ी रोकने की सलाह दी गई। इसके साथ ही पुलों, ऊंची इमारतों और अन्य संभावित जोखिम वाले स्थानों से दूर रहने को कहा गया।
आपात स्थिति में इन नंबरों पर करें संपर्क
सऊदी सिविल डिफेंस की ओर से आपातकालीन संपर्क नंबर भी बताए गए। मक्का, मदीना, रियाद और ईस्टर्न प्रोविंस में आपात स्थिति के लिए 911, जबकि सऊदी अरब के अन्य हिस्सों में 998 पर संपर्क करने को कहा गया है।
अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि किसी भी आपात स्थिति में केवल सरकारी चैनलों से मिलने वाली जानकारी पर भरोसा करें और अफवाहों से बचें।