पंजाब में धमकी भरे ई-मेल का सिलसिला अब और गंभीर हो गया है। श्री हरिमंदिर साहिब, राज्य की अदालतों, जिला मुख्यालयों और स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकियों के बाद अब पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को भी जान से मारने की धमकी दी गई है। शुक्रवार को सामने आई इस नई धमकी ने पुलिस प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है।
गुरदासपुर जिले के दस स्कूलों और पठानकोट के एक स्कूल को भेजे गए एक ई-मेल में दावा किया गया कि दोपहर एक बजे स्कूलों में बम विस्फोट किए जाएंगे। इस ई-मेल में केवल बम धमाकों की चेतावनी ही नहीं दी गई, बल्कि मुख्यमंत्री भगवंत मान को भी सीधे निशाना बनाए जाने की बात लिखी गई। मेल में कहा गया कि मुख्यमंत्री “हमारे निशाने पर हैं” क्योंकि वे कथित तौर पर उनके साथियों को गैंगस्टर बताकर मरवा रहे हैं।
ई-मेल मिलते ही स्कूल प्रशासन ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और एहतियात के तौर पर सभी स्कूलों को खाली करवा लिया गया। बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए अभिभावकों को तुरंत स्कूल बुलाया गया। शुक्रवार सुबह बारिश के कारण वैसे भी स्कूलों में बच्चों की संख्या कम थी, जिससे राहत जरूर मिली, लेकिन माहौल पूरी तरह तनावपूर्ण रहा।
सूचना मिलते ही पुलिस, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड को मौके पर भेजा गया। सभी स्कूल परिसरों की गहन तलाशी ली गई। कई घंटों तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद पुलिस ने स्पष्ट किया कि किसी भी स्कूल में कोई संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री नहीं मिली। प्रारंभिक जांच में यह मामला दहशत फैलाने की साजिश माना जा रहा है।
पहली बार मुख्यमंत्री भगवंत मान का नाम सीधे तौर पर किसी धमकी भरे ई-मेल में शामिल किया गया है। इससे पहले भेजी गई धमकियों में धार्मिक स्थलों, अदालतों और स्कूलों को निशाना बनाया गया था, लेकिन मुख्यमंत्री को लेकर कोई सीधी चेतावनी नहीं दी गई थी। इसी वजह से सुरक्षा एजेंसियां इस मामले को बेहद संवेदनशील मानकर जांच कर रही हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह किसी संगठित साजिश का हिस्सा हो सकता है, जिसका उद्देश्य केवल डर और अफरा-तफरी फैलाना है। फिलहाल साइबर क्राइम की विशेषज्ञ टीम ई-मेल भेजने वाले के आईपी एड्रेस को ट्रैक करने में जुटी हुई है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि धमकी भारत से भेजी गई है या किसी विदेशी सर्वर का इस्तेमाल किया गया है।
यह भी सामने आया है कि केवल पंजाब ही नहीं, बल्कि गुजरात के अहमदाबाद में भी एक दर्जन स्कूलों को बम से उड़ाने की धमकी मिली है। वहीं हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर और कांगड़ा की अदालतों को भी इसी तरह की धमकियां दी गईं। हालांकि इन सभी स्थानों पर जांच के बाद कोई भी संदिग्ध वस्तु नहीं पाई गई।
लगातार मिल रही इन धमकियों ने पूरे उत्तर भारत में सुरक्षा व्यवस्था को हाई अलर्ट पर ला दिया है। स्कूलों, अदालतों और सरकारी इमारतों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पंजाब पुलिस का कहना है कि मुख्यमंत्री की सुरक्षा को लेकर भी अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए सभी एजेंसियां तैयार हैं।
पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या अलग-अलग राज्यों में मिली धमकियों के पीछे एक ही व्यक्ति या समूह है। अब तक के पैटर्न को देखते हुए साइबर अपराधियों द्वारा एक ही तरह के ई-मेल भेजे जाने की आशंका जताई जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जैसे ही तकनीकी साक्ष्य मिलेंगे, आरोपी तक पहुंचना आसान हो जाएगा।
पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति बनाए रखने की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि हर धमकी को गंभीरता से लिया जा रहा है, लेकिन जांच में अब तक कोई वास्तविक खतरा सामने नहीं आया है। इसके बावजूद सुरक्षा में कोई ढील नहीं दी जाएगी।