लॉस एंजिलिस में ईरान विरोधी प्रदर्शन के दौरान एक गंभीर और चौंकाने वाली घटना सामने आई, जब एक ट्रक भीड़ में घुस गया। यह घटना रविवार दोपहर (स्थानीय समय) वेस्टवुड इलाके में हुई, जहां ईरान में चल रहे सरकार विरोधी आंदोलनों के समर्थन में हजारों लोग एकत्र हुए थे। इस हादसे में कम से कम दो लोग घायल हो गए, जबकि पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
घटना उस समय हुई जब प्रदर्शनकारी विल्शायर फेडरल बिल्डिंग के पास इकट्ठा थे। यह रैली दोपहर 2 बजे शुरू होने वाली थी और इसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए थे। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, प्रदर्शन में ईरान में मौजूदा सत्ता के खिलाफ नारे लगाए जा रहे थे और वहां लोकतंत्र तथा मानवाधिकारों के समर्थन में आवाज उठाई जा रही थी।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, एक यू-हॉल ट्रक अचानक प्रदर्शनकारियों की ओर बढ़ा और भीड़ में घुस गया। ट्रक की रफ्तार ज्यादा नहीं थी, लेकिन भीड़ में घुसने से लोग घबरा गए और कई लोग इधर-उधर भागने लगे। इस दौरान कम से कम दो लोगों को चोटें आईं। हालांकि, लॉस एंजिलिस पुलिस विभाग (LAPD) ने बताया कि घटना के बाद किसी भी एंबुलेंस को मौके पर नहीं बुलाया गया।
घटना के बाद सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में देखा गया कि ट्रक पर राजनीतिक नारे लिखे हुए थे, जो ईरान के इतिहास और अमेरिका की भूमिका की ओर इशारा कर रहे थे। ट्रक पर लिखा था, “No Shah, No Regime. USA: Don’t repeat 1953, No Mullah।” यह नारा 1953 में ईरान में हुए उस तख्तापलट की याद दिलाता है, जिसमें अमेरिका समर्थित कार्रवाई के जरिए तत्कालीन प्रधानमंत्री को हटाकर शाह को सत्ता में दोबारा स्थापित किया गया था। यह संदेश ईरान के वर्तमान शासन और अमेरिका की कथित दखलअंदाजी के खिलाफ था।
स्थानीय मीडिया के अनुसार, पुलिस ने ट्रक चालक को मौके पर ही हिरासत में ले लिया। जब पुलिस उसे ट्रक से बाहर निकालकर ले जा रही थी, तब कुछ प्रदर्शनकारी गुस्से में आ गए और उस व्यक्ति पर झंडों के डंडों से हमला करने की कोशिश की। हालांकि, पुलिस अधिकारियों ने तुरंत हस्तक्षेप कर स्थिति को और बिगड़ने से रोक लिया।
घटना के बाद ट्रक को काफी नुकसान पहुंचा हुआ देखा गया। उसका शीशा टूट चुका था और सड़क पर कांच के टुकड़े बिखरे हुए थे। ट्रक के पीछे जुड़ा ट्रेलर खाली नजर आया और उसका पिछला दरवाजा खुला हुआ था। पुलिस ने ट्रक और आसपास के इलाके की गहन जांच की, ताकि यह पता लगाया जा सके कि कहीं उसमें कोई खतरनाक सामग्री तो नहीं थी।
अधिकारियों ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि ट्रक चालक ने जानबूझकर भीड़ में घुसकर हमला किया या वह प्रदर्शन के दौरान घबराहट में ऐसा कर बैठा। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है और सभी पहलुओं पर गौर किया जा रहा है। फिलहाल, इसे जानबूझकर किया गया हमला घोषित नहीं किया गया है।
इस घटना के समय वेस्टवुड इलाके में भारी भीड़ मौजूद थी। न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट के अनुसार, दोपहर करीब 3 बजे तक लगभग 3,000 लोग प्रदर्शन स्थल पर इकट्ठा हो चुके थे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए लॉस एंजिलिस रीजनल ट्रांसपोर्टेशन मैनेजमेंट सेंटर ने एहतियातन विल्शायर बुलेवार्ड से जुड़ी उत्तर और दक्षिण दिशा की फ्रीवे रैंप्स को बंद कर दिया। इसका मकसद यह था कि प्रदर्शनकारी गलती से फ्रीवे पर न पहुंच जाएं और कोई और बड़ा हादसा न हो।
ये सड़क बंदियां शाम करीब 5 बजे तक लागू रहीं। इसके बाद, जब ज्यादातर प्रदर्शनकारी वहां से चले गए, तब यातायात को धीरे-धीरे सामान्य किया गया। पुलिस और यातायात विभाग ने पूरे इलाके में अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए थे।
घटना के कुछ घंटों बाद लॉस एंजिलिस की मेयर करेन बैस खुद मौके पर पहुंचीं और मीडिया को संबोधित किया। उन्होंने इस घटना पर चिंता जताई और कहा कि अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर अमेरिका की भूमिका को लेकर लोगों की भावनाएं भले ही कितनी भी तीव्र क्यों न हों, लेकिन विरोध प्रदर्शन हमेशा शांतिपूर्ण होने चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि लोकतंत्र में विरोध का अधिकार है, लेकिन हिंसा किसी भी रूप में स्वीकार्य नहीं है।
मेयर करेन बैस ने यह भी कहा कि अमेरिका को अंतरराष्ट्रीय संघर्षों में अपनी भूमिका को लेकर बेहद जिम्मेदारी से कदम उठाने चाहिए। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे कानून का पालन करें और अपनी बात शांतिपूर्ण तरीके से रखें।
इस बीच, अमेरिका के न्याय विभाग ने भी इस घटना पर संज्ञान लिया है। फर्स्ट असिस्टेंट यूएस अटॉर्नी बिल एस्सायली ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर बताया कि न्याय विभाग इस मामले से अवगत है और स्थिति पर नजर रखे हुए है। हालांकि, उन्होंने जांच से जुड़ी ज्यादा जानकारी साझा नहीं की।
यह रैली ईरान में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के समर्थन में आयोजित की गई थी। अमेरिका में रहने वाले ईरानी मूल के कार्यकर्ताओं और मानवाधिकार संगठनों का दावा है कि ईरान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों के दौरान अब तक 500 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। उनका आरोप है कि ईरानी प्रशासन ने प्रदर्शनकारियों के खिलाफ हिंसक कार्रवाई की है।
इन प्रदर्शनों के समर्थन में अमेरिका और यूरोप के कई शहरों में रैलियां आयोजित की जा रही हैं। लॉस एंजिलिस की यह रैली भी उसी कड़ी का हिस्सा थी, जहां लोग ईरान में लोकतंत्र, अभिव्यक्ति की आजादी और मानवाधिकारों की मांग कर रहे थे।
ट्रक के भीड़ में घुसने की घटना ने इन शांतिपूर्ण प्रदर्शनों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, पुलिस और प्रशासन का कहना है कि स्थिति अब नियंत्रण में है और जांच पूरी होने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि यह हादसा था या जानबूझकर की गई कार्रवाई।
यह घटना अमेरिका में अंतरराष्ट्रीय मुद्दों से जुड़े प्रदर्शनों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और भीड़ प्रबंधन को लेकर एक नई बहस को जन्म दे रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों से बचें और जांच पूरी होने तक आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें।