विन न्यूज़ नेटवर्क। कांग्रेस पार्टी एक बार फिर अपने ही नेताओं के व्यवहार को लेकर चर्चा में है। इस बार मामला महाराष्ट्र के दो कांग्रेस सांसदों से जुड़ा है। पार्टी के रामटेक सांसद श्याम कुमार बर्वे पर चंद्रपुर की सांसद प्रतिभा धनोरकर को थप्पड़ मारने का आरोप लगा है। घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद कांग्रेस के भीतर हलचल तेज हो गई है।
पार्टी के कुछ पदाधिकारियों ने इस मामले में शीर्ष नेतृत्व से शिकायत कर कार्रवाई की मांग की है। हालांकि, प्रतिभा धनोरकर ने इस पूरे घटनाक्रम को गंभीर विवाद मानने से इनकार करते हुए इसे आपसी हंसी-मजाक का हिस्सा बताया है।
रैली में जाते समय बस के अंदर हुई घटना
यह मामला 1 नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित कांग्रेस की ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ रैली से जुड़ा है। जानकारी के मुताबिक, कई कांग्रेस सांसद बस से रैली स्थल की ओर जा रहे थे। इसी दौरान बस के भीतर हुई एक घटना कैमरे में कैद हो गई।
वायरल हो रहे करीब 10 सेकंड के वीडियो में श्याम कुमार बर्वे अपनी सीट से उठते दिखाई देते हैं। इसके बाद वह बगल में बैठीं प्रतिभा धनोरकर को हल्का थप्पड़ मारते नजर आते हैं। वीडियो में शुरुआत में धनोरकर कोई प्रतिक्रिया नहीं देतीं, लेकिन कुछ पल बाद वह सांसद की ओर नाराजगी से देखती दिखाई देती हैं। इसी दृश्य को लेकर अब राजनीतिक गलियारों में चर्चा हो रही है।
पार्टी के वरिष्ठ नेताओं तक पहुंची शिकायत
वीडियो सामने आने के बाद कांग्रेस के कुछ पदाधिकारियों ने पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को ईमेल भेजकर पूरे मामले की शिकायत की है। शिकायत कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, राहुल गांधी, सोनिया गांधी, केसी वेणुगोपाल और महाराष्ट्र के पार्टी प्रभारी सिरिवेला प्रसाद तक पहुंचाई गई है।
शिकायतकर्ताओं का कहना है कि कांग्रेस एक तरफ लोकतंत्र, संवैधानिक मूल्यों और महिलाओं के सम्मान की बात करती है, वहीं पार्टी के निर्वाचित प्रतिनिधियों का ऐसा व्यवहार संगठन की छवि को प्रभावित कर सकता है। पत्र में वरिष्ठ नेताओं से मामले का संज्ञान लेने और संगठनात्मक अनुशासन के तहत उचित कार्रवाई करने की मांग की गई है।
प्रतिभा धनोरकर ने विवाद को बताया मजाक
विवाद बढ़ने के बाद जब प्रतिभा धनोरकर से इस घटना पर प्रतिक्रिया मांगी गई, तो उन्होंने कैमरे के सामने कुछ भी कहने से परहेज किया। हालांकि, उन्होंने बताया कि बस में सांसदों के बीच आपस में हंसी-मजाक चल रहा था और यह घटना भी उसी दौरान हुई।
धनोरकर ने मीडिया से इस मामले को गंभीरता से न लेने की बात कही। उनके इस बयान के बाद घटना को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
अब कांग्रेस नेतृत्व के रुख पर नजर
इस पूरे मामले में अब सबकी निगाहें कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व पर टिकी हैं। एक ओर पार्टी पदाधिकारियों ने अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग की है, तो दूसरी ओर संबंधित महिला सांसद ने इसे सामान्य मजाक का हिस्सा बताया है। ऐसे में देखना होगा कि पार्टी नेतृत्व इस शिकायत पर क्या रुख अपनाता है और क्या मामले में कोई औपचारिक कार्रवाई की जाती है।