विन न्यूज़ नेटवर्क। उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने अपने प्रदेश संगठन में बड़ा बदलाव किया है। पार्टी ने रामपुर खास से विधायक और उत्तर प्रदेश कांग्रेस विधायक दल की नेता आराधना मिश्रा ‘मोना’ को उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी का नया अध्यक्ष नियुक्त किया है। उन्होंने अजय राय की जगह ली है। कांग्रेस की ओर से 2 अक्टूबर 2026 को जारी आधिकारिक नियुक्ति में इस बदलाव की पुष्टि की गई है।
आराधना मिश्रा की नियुक्ति ऐसे समय हुई है, जब कांग्रेस उत्तर प्रदेश में अपने संगठन को चुनाव से पहले मजबूत करने की तैयारी में जुटी है। राजनीतिक विश्लेषण में उनके महिला और ब्राह्मण चेहरे के रूप में महत्व की चर्चा हो रही है। हालांकि, पार्टी की ओर से नियुक्ति को केवल किसी एक सामाजिक समूह को साधने की रणनीति के तौर पर पेश नहीं किया गया है।
इमरान मसूद को बनाया गया कार्यकारी अध्यक्ष
आराधना मिश्रा मोना के साथ कांग्रेस ने सहारनपुर से सांसद इमरान मसूद को उत्तर प्रदेश कांग्रेस का कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किया है। इसके अलावा देवेंद्र निषाद और आलोक प्रसाद को वरिष्ठ उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है। कांग्रेस ने चौधरी वीरेंद्र सिंह को उत्तर प्रदेश कांग्रेस विधायक दल का नेता भी बनाया है।
नई नियुक्तियों में अलग-अलग सामाजिक और क्षेत्रीय पृष्ठभूमि वाले नेताओं को जिम्मेदारी दिए जाने से प्रदेश संगठन के सामाजिक प्रतिनिधित्व को लेकर भी चर्चा तेज हुई है। पार्टी के सामने अब इन नियुक्तियों के जरिए संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने की चुनौती होगी।
कौन हैं आराधना मिश्रा मोना?
आराधना मिश्रा मोना प्रतापगढ़ की रामपुर खास विधानसभा सीट से कांग्रेस की विधायक हैं। वह वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रमोद तिवारी की बेटी हैं। आधिकारिक चुनावी आंकड़ों के अनुसार, वह 2014 के रामपुर खास उपचुनाव में पहली बार विधायक चुनी गई थीं। इसके बाद उन्होंने 2017 और 2022 के विधानसभा चुनावों में भी इस सीट से जीत दर्ज की।
कांग्रेस संगठन में भी आराधना मिश्रा की सक्रिय भूमिका रही है। प्रदेश अध्यक्ष बनने से पहले वह उत्तर प्रदेश कांग्रेस विधायक दल की नेता के तौर पर जिम्मेदारी संभाल रही थीं। कांग्रेस की मौजूदा सूची में उन्हें अब उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के रूप में दर्ज किया गया है।
अजय राय की जगह संभालेंगी जिम्मेदारी
आराधना मिश्रा मोना से पहले अजय राय उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष थे। अगस्त 2023 में उन्होंने प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाली थी। अब पार्टी ने संगठन में बदलाव करते हुए उनकी जगह आराधना मिश्रा को प्रदेश की कमान सौंपी है।
2027 चुनाव की तैयारी पर नजर
नई नियुक्तियों को 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस के संगठनात्मक पुनर्गठन के तौर पर देखा जा रहा है। आराधना मिश्रा ने जिम्मेदारी मिलने के बाद कहा कि वह पूरी निष्ठा और ईमानदारी से काम करेंगी। उन्होंने सभी जातियों, समुदायों और धर्मों को साथ लेकर चलने की बात कही और कहा कि 2027 का चुनाव इंडिया गठबंधन पूरी ताकत के साथ लड़ेगा। गठबंधन और चुनावी रणनीति से जुड़े अंतिम फैसले शीर्ष नेतृत्व पर निर्भर होंगे।