ईरान के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई कथित तौर पर एयर स्ट्राइक में गंभीर रूप से घायल होने के बाद कोमा में हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार उन्हें एक पैर काटना पड़ा और उनका इलाज वर्तमान में तेहरान के सीना विश्वविद्यालय अस्पताल में कड़ी सुरक्षा के बीच चल रहा है। हालांकि इस खबर की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
56 वर्षीय मोजतबा खामेनेई उस हमले में घायल हुए थे, जिसमें उनके पिता और ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की मौत हो गई थी। बताया गया है कि उन्हें गंभीर हालत में अस्पताल लाया गया, लेकिन स्पष्ट नहीं है कि चोटें उसी 28 फरवरी को हुए हमले में लगीं या किसी अन्य हमले में। इस बीच, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मोजतबा खामेनेई की स्थिति पर बयान देते हुए कहा कि उनका मानना है कि वह “शायद जिंदा हैं, लेकिन गंभीर रूप से घायल हैं।” सूत्रों का दावा है कि मोजतबा के शरीर को भारी नुकसान पहुंचा है, जिसमें कम से कम एक पैर खोना और पेट व लीवर में गंभीर चोटें शामिल हैं।
रिपोर्ट्स के अनुसार उनका इलाज सीना विश्वविद्यालय अस्पताल की एक पूरी तरह सील की गई यूनिट में चल रहा है। वहां सुरक्षा की कड़ी व्यवस्था है और ईरान के स्वास्थ्य मंत्री तथा अनुभवी ट्रॉमा सर्जन मोहम्मद रजा जफरगंडी इलाज की निगरानी कर रहे हैं। ईरान के सरकारी मीडिया ने मोजतबा का पहला संदेश प्रसारित किया, जिसमें बताया गया कि देश अपने नागरिकों के खून का बदला लेगा और क्षेत्रीय जलमार्गों को निशाना बनाने वाले हमले जारी रहेंगे। इस बयान में होर्मुज जलडमरूमध्य को अवरुद्ध करने की धमकी भी शामिल है।
विश्लेषकों का कहना है कि ईरान की सैन्य और राजनीतिक व्यवस्था इतनी मजबूत है कि यह मोजतबा के सीधे आदेश के बिना भी सक्रिय रह सकती है। हालांकि, द सन ने स्पष्ट किया है कि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है, क्योंकि ईरान में इंटरनेट पर कड़े प्रतिबंध हैं और नेता के इलाज को लेकर सुरक्षा बेहद सख्त रखी गई है। यह मामला न केवल ईरान की राजनीतिक स्थिरता के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि पूरे मध्य पूर्व और वैश्विक सुरक्षा पर भी इसके संभावित प्रभाव पर निगाहें बनी हुई हैं।