श्री सत्य साई बाबा की जन्मशताब्दी के उपलक्ष्य में आयोजित विशाल समारोह आध्यात्मिक भक्ति, सांस्कृतिक विविधता और राष्ट्रीय एकता का अद्भुत संगम बन गया। यह आयोजन न केवल उनके भक्तों के लिए भावनाओं का केंद्र रहा बल्कि देश की कई प्रमुख हस्तियों की उपस्थिति ने इसे और भी विशेष बना दिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि रहे। समारोह स्थल पर पहुंचने के बाद प्रधानमंत्री ने सबसे पहले सत्य साई बाबा के मंदिर में दर्शन किए और उनकी समाधि पर पुष्पांजलि अर्पित की। उन्होंने वहां विधिवत पूजा कर आध्यात्मिक संत को अपनी श्रद्धांजलि दी।
समारोह को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि सत्य साई बाबा भले ही अब भौतिक रूप से हमारे बीच उपस्थित नहीं हैं लेकिन उनकी शिक्षाएँ, उनका प्रेम और समाज सेवा का उनका आदर्श आज भी करोड़ों लोगों के जीवन को दिशा दे रहा है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि बाबा का जीवन किसी एक समुदाय या क्षेत्र तक सीमित नहीं था उनकी सेवा मानवता के प्रत्येक वर्ग के लिए प्रेरणा का स्रोत है। प्रधानमंत्री ने कहा कि आज उनके अनुयायियों, सेवा संस्थानों और समाज सुधार के मिशनों में उनकी शिक्षा का स्पष्ट प्रभाव दिखाई देता है।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने 100 रुपये का विशेष स्मारक सिक्का और एक स्मारक डाक टिकट भी जारी किया। यह सिक्का और डाक टिकट सत्य साई बाबा के योगदान को राष्ट्रीय स्तर पर स्मरणीय बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। स्मारक वस्तुओं के विमोचन के दौरान पूरे सभागार में उत्साह और श्रद्धा का मिश्रण साफ महसूस किया गया।
समारोह में अनेक प्रख्यात हस्तियों की उपस्थिति भी आकर्षण का केंद्र रही। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू, उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण, बॉलीवुड अभिनेत्री ऐश्वर्या राय बच्चन और पूर्व क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर इस आयोजन में विशेष रूप से सम्मिलित हुए। मंच पर जब ऐश्वर्या राय की प्रधानमंत्री से भेंट हुई, तो उन्होंने उनके चरण स्पर्श कर सम्मान व्यक्त किया जिसकी चर्चा बाद में पूरे समारोह में होती रही। सचिन तेंदुलकर भी कार्यक्रम में सादगीपूर्ण अंदाज़ में उपस्थित हुए और उन्होंने बाबा की शिक्षाओं पर आधारित सेवा कार्यों की सराहना की।
पूरे आयोजन में भक्तों का उत्साह देखने योग्य था। दूर-दूर से आए श्रद्धालुओं ने न केवल आध्यात्मिक वातावरण का अनुभव किया बल्कि सत्य साई बाबा के सेवा कार्यों और उनके जीवन से जुड़े प्रेरक प्रसंग भी सुने। आयोजन समिति ने बाबा के विभिन्न मानव सेवा मिशनों, अस्पतालों, पानी परियोजनाओं और शिक्षा संस्थानों पर आधारित प्रदर्शनी भी लगाई जिसने आगंतुकों का ध्यान आकर्षित किया। समारोह के समापन के बाद प्रधानमंत्री कोयंबटूर के लिए रवाना हुए जहाँ वे साउथ इंडिया नेचुरल फार्मिंग समिट 2025 का उद्घाटन करेंगे। इसी कार्यक्रम के दौरान वे पीएम किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त जारी करेंगे और किसानों को संबोधित करेंगे। श्री सत्य साई बाबा की जन्मशताब्दी का यह आयोजन उनके आध्यात्मिक योगदान, करुणा और मानव सेवा के विचारों को एक बार फिर राष्ट्रीय मंच पर उजागर करने का अवसर बन गया। यह समारोह आने वाली पीढ़ियों को भी प्रेरित करेगा कि वे सेवा, त्याग और मानवीय मूल्यों पर आधारित जीवन जीने के लिए प्रयासरत रहें।