प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने दो दिन के दौरे पर भूटान पहुंचे हैं। भूटान आगमन पर उन्होंने दिल्ली में हुए धमाके पर अपनी चिंता व्यक्त की और स्पष्ट संदेश दिया कि साजिश करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। पीएम मोदी ने कहा कि घटना के बाद रातभर सो नहीं पाए और हमारी सुरक्षा एजेंसियां पूरी गहराई से मामले की जांच कर रही हैं।
दौरे का उद्देश्य और कार्यक्रम
पीएम मोदी का यह दौरा 11 और 12 नवंबर को है यानी आज और कल जिसका मुख्य उद्देश्य भारत-भूटान के बीच दोस्ती और साझेदारी को और मजबूत करना है। दौरे के दौरान पीएम मोदी भूटान के राजा जिग्मे खेसर नामग्येल वांगचुक की 70वीं जयंती समारोह में शामिल होंगे। इसके अलावा वे पुनातसंगचू-II हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट का उद्घाटन करेंगे और ग्लोबल पीस प्रेयर फेस्टिवल में भाग लेंगे। दूसरे दिन यानी 12 नवंबर को पीएम मोदी भूटान के प्रधानमंत्री त्सेरिंग टोबगे से मुलाकात करेंगे। इस दौरान ऊर्जा, रेल, सड़क कनेक्टिविटी और विकास परियोजनाओं पर चर्चा की जाएगी। दोनों देशों के बीच भूटान की 13वीं पंचवर्षीय योजना पर सहयोग भी तय होगा।
भारत-भूटान संबंधों का महत्व
भूटान भारत के लिए रणनीतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। हिमालयी देश भूटान में सिर्फ 7.5 लाख लोग रहते हैं, लेकिन यह भारत और चीन के बीच बफर ज़ोन का काम करता है। भूटान में चीन का प्रभाव बढ़ा तो भारत के चिकन नेक क्षेत्र पर खतरा उत्पन्न हो सकता है। 2017 में चीन की डोकलाम में सड़क निर्माण की कोशिश को भारत ने अपने सैनिकों के माध्यम से रोका था।
पीएम मोदी ने भूटान में कहा कि भारत-भूटान संबंधों की सबसे बड़ी ताकत उनके लोगों के बीच आध्यात्मिक जुड़ाव में निहित है। दोनों देश मिलकर उपग्रह प्रोजेक्ट पर काम कर रहे हैं, जो दोनों के लिए बड़ी उपलब्धि है। दो महीने पहले भारत के राजगीर में रॉयल भूटानीज़ मंदिर का उद्घाटन हुआ और अब यह पहल भारत के अन्य हिस्सों में भी आगे बढ़ रही है।
ग्लोबल पीस प्रेयर फेस्टिवल और सांस्कृतिक सहयोग
पीएम मोदी ग्लोबल पीस प्रेयर फेस्टिवल में भी शामिल हो रहे हैं। इस दौरान भारत से भगवान बुद्ध के पवित्र पिपरहवा अवशेष भूटान लाए गए हैं, जो दोनों देशों के गहरे सांस्कृतिक और आध्यात्मिक संबंधों का प्रतीक हैं। पुनातसंगचू-II जलविद्युत परियोजना के उद्घाटन से भारत-भूटान की ऊर्जा साझेदारी को नया आयाम मिलेगा।
दिल्ली ब्लास्ट पर पीएम मोदी की प्रतिक्रिया
पीएम मोदी ने कहा कि दिल्ली ब्लास्ट के दोषियों को कड़ी सजा मिलेगी। उन्होंने यह भी कहा कि इस घटना से जुड़े सभी तार जोड़े जा रहे हैं और हमारी एजेंसियां इसकी तह तक जाएंगी। भूटान में थिम्पू एयरपोर्ट पर पीएम मोदी का भव्य स्वागत किया गया, जिसमें भूटानी बच्ची द्वारा गुलदस्ता भेंट और अन्य अधिकारियों का औपचारिक सत्कार शामिल था।
नतीजा
पीएम मोदी का यह दौरा न केवल भारत-भूटान संबंधों को मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण है बल्कि सुरक्षा, ऊर्जा, सांस्कृतिक और आध्यात्मिक साझेदारी के लिए भी अहम माना जा रहा है। पीएम मोदी ने भूटान यात्रा के दौरान स्पष्ट किया कि भारत किसी भी तरह की साजिश और आतंकवाद को बर्दाश्त नहीं करेगा।