प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की अगली किस्त का इंतजार कर रहे किसानों के लिए महत्वपूर्ण खबर है। सरकार की ओर से स्पष्ट किया गया है कि जिन किसानों ने ई-केवाईसी, भू सत्यापन और बैंक खाते को आधार से लिंक करने जैसी जरूरी प्रक्रियाएं पूरी नहीं की हैं, उन्हें आने वाली किस्त की राशि मिलने में दिक्कत हो सकती है।
इस योजना के तहत पात्र किसानों को सालाना 6000 रुपये की आर्थिक सहायता तीन बराबर किस्तों में दी जाती है। हर चार महीने में 2000 रुपये सीधे किसानों के बैंक खातों में ट्रांसफर किए जाते हैं। पिछली किस्त जारी होने के बाद अब अगली किस्त जारी होने की संभावना निकट भविष्य में जताई जा रही है, हालांकि आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।
कृषि विभाग के अनुसार कई ऐसे लाभार्थी हैं जिनके बैंक खाते अभी तक आधार से लिंक नहीं हैं या ई-केवाईसी लंबित है। ऐसे मामलों में भुगतान रोक दिया जाता है, इसलिए किसानों को सलाह दी गई है कि वे समय रहते सभी जरूरी औपचारिकताएं पूरी कर लें।
सबसे पहले किसानों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनका भू सत्यापन पूरा हो चुका है। इसके अलावा ई-केवाईसी प्रक्रिया भी अनिवार्य है, जिसे ऑनलाइन पोर्टल या नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) पर जाकर पूरा किया जा सकता है। साथ ही यह भी जांच लें कि बैंक खाता आधार से लिंक है और मोबाइल नंबर अपडेट है।
विशेषज्ञों का कहना है कि समय पर दस्तावेज अपडेट करने से भुगतान में देरी या रुकावट से बचा जा सकता है। यह योजना छोटे और सीमांत किसानों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने के उद्देश्य से चलाई जा रही है, इसलिए सभी पात्र लाभार्थियों को नियमों का पालन करना जरूरी है।
किसानों को सलाह दी जाती है कि वे केवल आधिकारिक पोर्टल या संबंधित अधिकारियों से ही जानकारी प्राप्त करें और किसी भी अफवाह पर भरोसा न करें, ताकि उन्हें योजना का पूरा लाभ मिल सके।