केरल के विकास को गति देने के लिए केंद्र सरकार ने एक साथ कई अहम पहलों की शुरुआत की है। रेल कनेक्टिविटी को मजबूत करने, तिरुवनंतपुरम को देश के प्रमुख स्टार्टअप हब के रूप में विकसित करने और शहरी गरीबों के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में बड़े कदम उठाए गए हैं। इसी कड़ी में पीएम स्वनिधि क्रेडिट कार्ड योजना की भी औपचारिक शुरुआत की गई, जिससे देशभर के रेहड़ी-पटरी और फुटपाथ पर काम करने वाले लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को हासिल करने में शहरों की भूमिका बेहद अहम है। बीते 11 वर्षों में केंद्र सरकार ने शहरी बुनियादी ढांचे पर बड़े पैमाने पर निवेश किया है, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा हुए हैं और जीवन की गुणवत्ता में सुधार आया है।
प्रधानमंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार शहरी गरीब परिवारों के कल्याण पर भी विशेष ध्यान दे रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत देशभर में 4 करोड़ से अधिक पक्के मकान गरीबों को उपलब्ध कराए गए हैं। इनमें से एक करोड़ से ज्यादा घर शहरी गरीबों के लिए बनाए गए हैं। अकेले केरल में करीब सवा लाख शहरी गरीब परिवारों को अपना पक्का घर मिला है।
गरीब और मध्यम वर्ग को राहत देने के लिए कई योजनाएं लागू की गई हैं। पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के जरिए बिजली के खर्च में कमी लाई जा रही है। आयुष्मान भारत योजना के तहत जरूरतमंद परिवारों को 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज उपलब्ध कराया जा रहा है। महिलाओं की स्वास्थ्य सुरक्षा के लिए मातृ वंदना योजना जैसी योजनाएं चलाई जा रही हैं। इसके अलावा, 12 लाख रुपये तक की वार्षिक आय को टैक्स फ्री किए जाने से केरल के मध्यम वर्ग और सैलरी क्लास को बड़ा लाभ मिला है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि बीते एक दशक में करोड़ों लोगों को बैंकिंग व्यवस्था से जोड़ा गया है। अब गरीब, SC/ST/OBC वर्ग, महिलाएं और मछुआरे भी आसानी से बैंक लोन प्राप्त कर पा रहे हैं। जिनके पास कोई गारंटी नहीं होती, उनके लिए सरकार स्वयं गारंटर बन रही है।
स्ट्रीट वेंडर्स की स्थिति पर बात करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि पहले इन्हें सामान खरीदने के लिए भी ऊंचे ब्याज पर कर्ज लेना पड़ता था। इसी समस्या को दूर करने के लिए पीएम स्वनिधि योजना शुरू की गई। इस योजना के तहत लाखों रेहड़ी-पटरी वालों को पहली बार बैंकों से औपचारिक लोन मिला है।
अब सरकार ने एक कदम और आगे बढ़ाते हुए पीएम स्वनिधि क्रेडिट कार्ड की शुरुआत की है। इस योजना के तहत केरल के लगभग 10 हजार और तिरुवनंतपुरम के 600 से अधिक स्ट्रीट वेंडर्स को क्रेडिट कार्ड दिए गए हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि पहले क्रेडिट कार्ड केवल संपन्न वर्ग तक सीमित थे, लेकिन अब यह सुविधा स्ट्रीट वेंडर्स तक पहुंच चुकी है।
इसके साथ ही केरल में कनेक्टिविटी, साइंस, इनोवेशन और हेल्थकेयर सेक्टर में भी बड़े निवेश किए जा रहे हैं। CSIR इनोवेशन हब का लोकार्पण और मेडिकल कॉलेज में रेडियो सर्जरी सेंटर की शुरुआत से राज्य को साइंस और हेल्थकेयर हब के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी।
रेल परियोजनाओं को लेकर प्रधानमंत्री ने कहा कि अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों के संचालन से केरल की रेल कनेक्टिविटी और मजबूत होगी। इससे यात्रा सुगम बनेगी और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। गुरुवायुर से त्रिशूर के बीच नई पैसेंजर ट्रेन तीर्थयात्रियों के लिए यात्रा को और आसान बनाएगी।
प्रधानमंत्री ने कहा कि विकसित केरल से ही विकसित भारत का सपना पूरा होगा और केंद्र सरकार पूरी मजबूती से केरल के लोगों के साथ खड़ी है। उन्होंने राज्य की जनता को इन सभी विकास परियोजनाओं के लिए शुभकामनाएं दीं।