रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की भारत यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच एक अहम रक्षा समझौता होने की जानकारी सामने आई है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, भारत ने रूस के साथ 2 बिलियन डॉलर मूल्य की एक नई एटैक सबमरीन लीज पर लेने का समझौता लगभग अंतिम रूप दे दिया है।
सूत्रों का कहना है कि यह परमाणु-संचालित अटैक सबमरीन रूस से लीज पर ली जाएगी, लेकिन समझौते की शर्तों के अनुसार भारत इस पनडुब्बी का उपयोग किसी युद्ध या सैन्य संघर्ष में नहीं कर सकेगा।
हालाँकि, इस पनडुब्बी की तैनाती और संचालन भारत की नौसेना के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण साबित होगा। इसके जरिए भारतीय नौसैनिकों को न्यूक्लियर-पावर्ड सबमरीन ऑपरेशन में प्रशिक्षण मिलेगा और भारत अपनी स्वदेशी परमाणु-संचालित पनडुब्बियों के निर्माण व संचालन क्षमता को और मजबूत कर सकेगा।
रक्षा विश्लेषकों का मानना है कि यह समझौता भारत और रूस के बीच दशकों पुराने रणनीतिक संबंधों को और गहरा करेगा। साथ ही, यह भारतीय नौसेना की ब्लू-वाटर कैपेबिलिटी को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
पुतिन की यात्रा के दौरान कई अन्य रक्षा और सामरिक सहयोग से जुड़े समझौतों पर भी चर्चा होने की संभावना है।