बिहार कांग्रेस ने अपने स्थापना दिवस के अवसर पर पटना में एक पदयात्रा आयोजित की और इस दौरान “एमजीएनरेगा बचाओ अभियान” की शुरुआत करने का ऐलान किया। इस अभियान का उद्देश्य केंद्र सरकार द्वारा हाल ही में पारित किए गए विकसित भारत – रोजगार और आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) अधिनियम (VB-G RAM G Act) के खिलाफ विरोध जताना है, जिसे कांग्रेस सहित विपक्षी दल ग्रामीण रोजगार के अधिकारों को कमजोर करने वाला बता रहे हैं।
पदयात्रा रविवार को कांग्रेस कार्यालय सदाकत आश्रम से शुरू होकर गांधी मैदान में महात्मा गांधी की प्रतिमा तक चली। यह कार्यक्रम न केवल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के 141वें स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित किया गया, बल्कि कांग्रेस सेवा दल के 102वें गठन दिवस के रूप में भी मनाया गया। पदयात्रा के दौरान कांग्रेस नेताओं ने पूरे राज्य में 5 जनवरी से शुरू होने वाले ‘एमजीएनरेगा बचाओ अभियान’ की रूपरेखा भी जनता के समक्ष रखी।
कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने पदयात्रा के दौरान पार्टी का झंडा फहराया और कार्यकर्ताओं से प्रतिज्ञा दिलाई। उन्होंने कहा कि एमजीएनरेगा केवल एक योजना नहीं, बल्कि भारतीय संविधान से प्राप्त काम करने का अधिकार है, जिसे किसी भी कीमत पर संरक्षित किया जाएगा। उन्होंने जोर देकर कहा, “हम ग्रामीण मजदूरों की गरिमा, रोजगार, समय पर मजदूरी, मांग आधारित कार्य और ग्राम सभाओं के अधिकारों के लिए एकजुट होकर संघर्ष करेंगे। किसी भी साजिश को लोकतांत्रिक तरीके से विफल किया जाएगा, जो महात्मा गांधी के नाम को योजना से हटाने और मजदूरों के अधिकारों को परोपकार में बदलने का प्रयास कर रही हो।”
गांधी मैदान में राजेश राम ने दोबारा जनता से प्रतिज्ञा दिलाई कि कांग्रेस पूरे विश्वास के साथ एमजीएनरेगा को बचाने, मजदूरों के अधिकारों की रक्षा करने और हर गांव में आवाज उठाने के लिए प्रतिबद्ध है।
पदयात्रा में राज्य कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम, कांग्रेस विधायन मंडल नेता मदन मोहन झा, कांग्रेस महासचिव और बिहार प्रभारी शाहनवाज आलम, और कांग्रेस सेवा दल के राज्य अध्यक्ष संजय यादव ने संयुक्त रूप से नेतृत्व किया। मार्ग में नेताओं ने पूर्व राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद की समाधि पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि भी दी।
इस पदयात्रा में सैकड़ों कार्यकर्ता, कांग्रेस नेता और सेवा दल के सदस्य शामिल हुए। प्रमुख उपस्थितियों में पूर्व CLP नेता शकील अहमद खान, BPCC मीडिया विभाग प्रमुख राजेश कुमार राठौर, प्रवक्ता असित नाथ तिवारी, कई विधायक, एमएलसी और जिला स्तर के पदाधिकारी शामिल थे।
कांग्रेस का कहना है कि नए VB-G RAM G Act से एमजीएनरेगा की मांग आधारित प्रकृति कमजोर होगी, राज्यों पर अधिक वित्तीय बोझ पड़ेगा और महात्मा गांधी का नाम योजना से हटा दिया गया है। कांग्रेस इसे ग्रामीण सशक्तिकरण की प्रमुख विरासत को कमजोर करने वाला कदम मानती है।
राजेश राम ने सभी ग्रामीणों और मजदूरों से अपील की कि वे इस अभियान में शामिल हों और अपने अधिकारों की रक्षा के लिए कांग्रेस के साथ एकजुट रहें। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह संघर्ष केवल राजनीतिक विरोध तक सीमित नहीं है, बल्कि यह ग्रामीण भारत में रोजगार और मजदूरों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा के लिए है।
इस पदयात्रा और अभियान के माध्यम से कांग्रेस ने राज्यभर में एमजीएनरेगा बचाओ आंदोलन को तेज करने का संदेश दिया और आगामी चुनावी और राजनीतिक परिदृश्य में इसे एक प्रमुख मुद्दा बनाने का संकेत भी दिया।