देश के कई हिस्सों में इन दिनों घने कोहरे और तेज हवाओं का प्रभाव देखा जा रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने कई राज्यों में घने कोहरे का अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार, सुबह और देर रात के समय दृश्यता बहुत कम हो सकती है, जिससे सड़क, रेल और हवाई यातायात प्रभावित हो सकता है।
इसी बीच, कृषि विभाग ने किसानों के लिए भी विशेष सावधानी निर्देश जारी किए हैं। विभाग ने चेतावनी दी है कि तेज हवा या घने कोहरे में खेतों में कुछ कार्य करना फसल और किसान दोनों के लिए जोखिम भरा हो सकता है। विशेषकर सर्दियों की फसलें जैसे गेहूं, सरसों, आलू और हरी सब्जियां इस समय संवेदनशील रहती हैं। तेज हवाओं से पौधों की टहनियां टूट सकती हैं और घने कोहरे में कीट या रोगों का फैलाव बढ़ सकता है।
कृषि विशेषज्ञों ने किसानों को सलाह दी है कि कोहरे और तेज हवाओं के दौरान कीटनाशक या उर्वरक का छिड़काव न करें। साथ ही खेतों में काम करना सुबह या देर रात के समय टालें और आवश्यक कार्य दोपहर या कोहरा कम होने पर करें। फसलों की सुरक्षा के लिए फसल ढाल, हवादार आवरण या प्लास्टिक कवर का इस्तेमाल किया जा सकता है।
IMD ने बताया है कि आने वाले 2-3 दिनों में कई राज्यों में कोहरा और ठंडी हवाओं का दौर जारी रहेगा। इससे न केवल किसान बल्कि सड़क यात्री और आम लोग भी प्रभावित हो सकते हैं। विभाग ने सभी से सुरक्षित यात्रा, वाहन धीमी गति से चलाने और सावधानी बरतने की सलाह दी है।
राज्य परिवहन विभाग और पुलिस ने भी अपील की है कि सड़कों पर ड्राइविंग करते समय सिग्नल लाइट, हॉर्न और धीमी गति का पालन करें। घने कोहरे में बच्चों और बुजुर्गों को बाहर निकालते समय विशेष सतर्कता बरतें।
कृषि विभाग ने किसानों को यह भी कहा है कि तेज हवाओं में फसल की टहनियों और पौधों को सुरक्षित सहारा दें और किसी भी तरह के जोखिम भरे काम से बचें। समय पर मौसम की जानकारी देखकर ही खेतों में काम करें, ताकि फसल और स्वयं की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
घने कोहरे और तेज हवाओं के दौरान खेतों में काम करने से बचना, फसलों की सुरक्षा के उपाय अपनाना और सतर्क रहना सभी के लिए आवश्यक है। इन सावधानियों का पालन करके किसान अपनी फसल और खुद को सुरक्षित रख सकते हैं।